भोपाल। 13 जुलाई 2018 । दिनांक 12 जुलाई 2018 पुलिस उप महानिरीक्षक इन्दौर (शहर) श्री हरिनारायणाचारी मिश्र द्वारा विभिन्न प्रकार के प्रलोभन देकर लोगों को झांसे में लेकर उनके साथ छलकपट कर, धोखाधड़ी एवं ठगी करने वाले आरोपियों की पतारसी कर, उन्हें गिरफ्तार करने तथा ऐसी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त आरोपियों पर उचित वैधानिक कार्यवाही किये जाने हेतु इंदौर पुलिस को निर्देशित किया गया है। निर्देशों के तारतम्य में पुलिस अधीक्षक मुख्‍यालय इंदौर श्री मो. यूसुफ कुरैशी के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक क्राईम ब्रांच श्री अमरेन्द्र सिंह द्वारा उप पुलिस अधीक्षक (अपराध) श्री अनिल सिंह राठौर के नेतृत्व में क्राईम ब्रांच की टीम का गठन किया गया।

क्राईम ब्रांच इंदौर की टीम को सूचना प्राप्त हुई थी कि थाना तुकोगंज क्षेत्र मे स्टार्लिंग कांप्लेक्स की प्रथम मंजिल (एम-12)  पर दिल्ली का एक तांत्रिक आकर किराये का ऑफिस खोलकर, लोगों के साथ धोखाधड़ी कर रहा है। इस तांत्रिक ने पम्पलेट इत्यादि में विज्ञापन छपवाकर (जिसमें वशीकरण, मनचाहा प्यार, प्रेम विवाह, कोख मे बाधा, रुठो को मनाना, गृह क्लेश, बंदिश-बंधन खोलना, सौतन व दुश्मन से छुटकारा आदि लेख किया गया था) सौ प्रतिशत निश्चित एवं तुरंत समाधान के प्रलोभन देकर, आगंतुको को मूर्ख बनाकर तंत्र-मंत्र और प्रेत बाधा निवारण आदि के नाम पर धोखाधड़ी कर ठगी कर रहा है। सूचना की तस्दीक करते हुये, क्राईम ब्रांच इंदौर की टीम द्वारा थाना तुकोगंज पुलिस के साथ संयुक्त रूप से कार्यवाही करते हुये उल्लेखित पते पर दबिश देकर 1. शमीम पिता अब्दुल गफूर उम्र 57 साल निवासी 308-ए करावल नगर नई दिल्ली एवं उसके सहयोगी 2. मयंक पिता बालेस्टर शर्मा उम्र 19 साल निवासी ग्राम धुरावल दौराल जिला मेरठ उ.प्र. को घेराबंदी कर धरबोचा। दोनों आरोपी सरवटे बस स्टैण्ड पर दीपमाला लॉज में रह रहे थे एवं आरोपियों ने यह भी बताया कि वह अपनी पहचान छुपाने के लिये समय-समय पर इंदौर शहर में ठहरने के लिये स्थान बदलते रहते थे। आरोपी शमीम पिता अब्दुल गफूर ने बताया कि वह मूलतः दिल्ली का रहने वाला है एवं उसका सहयोगी मयंक मेरठ, उ. प्र. का निवासी है। दोनों चार-पांच माह से स्टार्लिंग कांप्लेक्स की प्रथम मंजिल एम-12 पर, 6000 रू मासिक किराये पर ऑफिस लेकर तंत्र क्रिया कर भूत प्रेत बाधा निवारण व बच्चे नहीं होने पर महिलाओं की कोख बाधा निवारण करने का ढोंग करते थे जिसमे वे ग्राहक से पहले 200 रू बतौर फीस लेते थे किंतु ग्राहक को एक बार झांसे में लेने के बाद आरोपीगण विभिन्न प्रकार की तंत्र क्रियाओं के बहाने एवं तंत्र-मंत्रों के प्रकोप से लोगों को डरा धमकाकर मोटी रकम ऐंठते थे। दोनों आरोपियों द्वारा सैकड़ों ग्राहकों से इस प्रकार की धोखाधङी की गई है। आरोपियों के दफ्तर से जप्त किये गये रजिस्टर के आधार पर ग्राहकों की जानकारी ली जा रही है। आरोपीगण इंदौर के अलावा अन्य विभिन्न शहरों में पूर्व में भी इस प्रकार से धोखाधड़ी की वारदातों को अंजाम देते रहे हैं। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया जाकर, इनके विरूद्ध पुलिस थाना तुकोगंज में अपराध क्र 346/18 धारा 420, 34 भादवि एवं धारा (7) ड्रग्स एवं मैजिक रेमेडीज ऑब्जेक्शनल एडवरटाईज एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर, वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।